Friday, 16 October 2026 कौन ज़िम्मेदार?
कौन ज़िम्मेदार?KaunZimmedar

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प्रवर्तन प्रवर्तन निदेशालय

बेंगलुरुक अदालत पी. एम. एल. ए. मामलामे सेवानिवृत्त आबकारी अधिकारी, बेटीकेँ दोषी ठहरा देलक।

ई दस्तावेज प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) बेंगलुरु क्षेत्रीय कार्यालयक एकटा प्रेस विज्ञप्ति अछि जाहिमे घोषणा कयल गेल अछि जे बेंगलुरुक विशेष अदालत एक सेवानिवृत्त उत्पाद शुल्क अधिकारी आ हुनक बेटीकेँ पीएमएलए, 2002क अन्तर्गत धनशोधन लेल दोषी ठहरा देलक।

ई दस्तावेज प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) बेंगलुरू क्षेत्रीय कार्यालयक एकटा प्रेस विज्ञप्ति अछि जाहिमे घोषणा कयल गेल अछि जे बेंगलुरूक विशेष अदालत एक सेवानिवृत्त उत्पाद शुल्क अधिकारी आ हुनक बेटीकेँ पीएमएलए, 2002क अन्तर्गत धनशोधन लेल दोषी ठहरा देलक आ पाँच सम्पत्ति जब्त करबाक आदेश देलक। ई नागरिकसभक लेल महत्वपूर्ण अछि किएक तँ एहिमे आयसँ बेसी सम्पत्ति रखबाक कानूनी परिणाम आ गवाहसभक विरुद्ध झूठी गवाहीक कार्यवाही निर्देशित करबाक अदालतक अधिकारक विवरण देल गेल अछि।

ई कोना चिन्ता करैत अछिः एम. रामचंद्र (सेवानिवृत्त आबकारी गार्ड/प्रभारी उप-निरीक्षक), आर. युरेखा (हुनक बेटी), प्रवर्तन निदेशालय (ईडी), बेंगलुरुमे विशेष अदालत (एक्सएलवीआईआई अतिरिक्त शहर सिविल आ सत्र न्यायाधीशक अदालत), आ केंद्र सरकार (जब्त कयल गेल सम्पत्तिकेँ प्राप्तकर्ताक रूपमे)।

ई. डी. की कहैत अछि जे ओ की कयलक।

  • धारा 3क तहत दोषसिद्धि, धन शोधन रोकथाम अधिनियम, 2002 (पीएमएलए) के धारा 4 के तहत दंडनीय।
  • अभियुक्त नम्बर 1 (एम. रामचंद्र) केँ 5 वर्षक सश्रम कारावास आ 5 लाख टाका जुर्मानेक सजा सुनायल गेल।
  • अभियुक्त नम्बर 2 (आर. युरेखा) केँ 3 सालक सश्रम कारावास आ 3 लाख टाका जुर्मानेक सजा सुनायल गेल।
  • पी. एम. एल. ए. क धारा 8 (5) क अन्तर्गत केन्द्र सरकारकेँ पाँचटा अचल सम्पत्ति जब्त करबाक आदेश देल गेल अछि।
  • अटल्टी सिटी सिविल कोर्ट के पन्जिक के बचोव देश के घर हम। जयराम के खेल दर 340 Cr.P.C के चोटी का घर के घर के घर के घर के घर।
  • न्यायालय पी. एम. एल. ए. क धारा 24क अनुमानकेँ लागू कयलक, ई नोट करैत जे अभियुक्त एकर खण्डन करबामे विफल रहल।
  • राष्ट्रीय राष्ट्र निर्माण विभाग, 1988 क धारा 13 (1) (आई) क अन्तरगत Spl.CC संघ 55/2020 मे विश्वविद्यालयक दोषाधि पर उत्तर प्रदेश काल्क।

दस्तावेजमे सेहो

  • न्यायालयक निर्णय छल जे धनशोधन एकटा सतत अपराध अछि, जकर अर्थ अछि जे पी. एम. एल. ए. क प्रारम्भसँ पहिनेक कार्यसभ आरोपकेँ पराजित नहि करैत अछि यदि आय एखनो धरि छल वा बेदागक रूपमे प्रस्तुत कयल गेल छल।
  • अदालतकेँ पता चलल जे अभियुक्त संख्या 2 एकटा जानकार पक्षकारक रूपमे उत्तरदायी छल जे ओकर नाम पर अपराधक आयसँ कीनल जायवला सम्पत्तिकेँ धारण करबामे सहायता कयलक।
  • न्यायालय नोट कयलक जे असमान परिसम्पत्तिक मामिलामे अपराधक विशिष्ट आयकेँ निर्धारित करब अप्रासंगिक अछि किएक तँ केवल असमान आयकेँ अपराधक आय मानल जाइत अछि।
  • बचाव पक्षक गवाह एम. जयराम जिरहमे स्वीकार कयलनि जे अभियुक्त नम्बर 1क सङ्ग पारिवारिक सम्बन्धसँ इनकार करयवला हुनक पहिल बयान गलत छल।

ई कोना लिखल गेल छल?

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आँकडाक जाँच कयल गेल। एहि सारांशमे प्रत्येक संख्या एकटा स्वचालित जाँच द्वारा दस्तावेजमे भेटल छल।

ओ जाँच तुलना करैत अछि। संख्यासभ मात्र। ई एहि बातक पुष्टि नहि कऽ सकैत अछि जे दस्तावेज जे कहैत अछि ओ शब्द कहल जाइत अछि-तेँ मूल दस्तावेज हमेशा प्राधिकरण होइत अछि।

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मूल दस्तावेज

प्रवर्तन निदेशालय-पी. एम. एल. ए. आ फेमाक अन्तर्गत संलग्नक, गिरफ्तारी आ अभियोजन शिकायत।

प्रेस विज्ञप्ति · संदर्भ 55969321b85d8d64 · 15 अक्टूबर 2026

सरकारी दस्तावेज 15 अक्टूबर 2026 · 0.5 एमबी दस्तावेज खोलू। enforcementdirectorate.gov.in पर
एकरा एतऽ पढ़ू।

चर्चा।

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