न्यायिक नियुक्ति आयोग विधेयक संविधानक अनुच्छेद 124क सन्दर्भ दैत अछि।
ई विधेयक भारतक मुख्य न्यायाधीश, सर्वोच्च न्यायालयक न्यायाधीश, आ उच्च न्यायालयक न्यायाधीशक रूपमे नियुक्ति लेल उम्मीदवारसभक सिफारिश करबाक लेल एकटा न्यायिक नियुक्ति आयोगक स्थापना करैत अछि। एकर उद्देश्य न्यायपालिका आ कार्यपालिका दुनूकेँ सम्मिलित करबाक लेल नियुक्ति प्रक्रियाकेँ व्यापक बनाना अछि, जाहिसँ न्यायाधीशसभक चयनमे पारदर्शिता आ उत्तरदायित्वमे वृद्धि होयत अछि।
ई विधेयक केन्द्र सरकार, राज्य सरकार, भारतक मुख्य न्यायाधीश, सर्वोच्च न्यायालय आ उच्च न्यायालयक न्यायाधीश, केन्द्रीय कानून आ न्याय मंत्री, प्रधानमन्त्री, लोकसभामे विपक्षक नेता, आ न्याय विभागमे भारत सरकारक सचिवकेँ प्रभावित करैत अछि।
- आयोगमे भारतक मुख्य न्यायाधीश (अध्यक्ष), उच्चतम न्यायालयक दूटा वरिष्ठ न्यायाधीश, केन्द्रीय कानून मंत्री, आ प्रधानमन्त्री, सीजेआई, आ विपक्षक नेता के कॉलेजियम द्वारा नामित दूटा प्रतिष्ठित व्यक्ति शामिल छथि।
- आयोगक कर्तव्यमे न्यायिक नियुक्तिक लेल व्यक्तिक सिफारिश करब, उच्च न्यायालयक न्यायाधीशसभक स्थानान्तरणक सिफारिश करब, आ उम्मीदवारक क्षमता, सत्यनिष्ठा आ स्थिति सुनिश्चित करब शामिल अछि।
- उच्च न्यायालयक नियुक्तिक लेल राज्यक राज्यपाल, मुख्यमन्त्री आ उच्च न्यायालयक मुख्य न्यायाधीशक विचार लिखित रूपसँ प्राप्त करबाक चाही।
- केन्द्र सरकारकेँ अधिनियम लागू भेलाक तीन मासक भीतर आयोगकेँ विद्यमान रिक्तिकेँ पठयबाक चाही आ भविष्यक रिक्तिकेँ उत्पन्न होयबाक दू महीना पहिने वा ओकर बाद पठयबाक चाही।
- न्याय विभागमे भारत सरकारक सचिव आयोगक संयोजकक रूपमे काज करैत छथि।
- केन्द्र सरकार आ आयोगक लग अधिनियमक प्रावधानकेँ पूरा करबाक लेल नियम आ विनियम बनयबाक अधिकार अछि।
- एहि अधिनियमक अन्तर्गत बनाओल गेल नियम आ विनियमसभ संसदक दुनू सदनक समक्ष कुल तीस दिनक अवधि लेल राखल जाय।
ए. आई. द्वारा दस्तावेजसँ लिखल गेल आ ओकर विरुद्ध जाँच कयल गेल। नीचाँ देल गेल मूल आधिकारिक अछि।
मूल दस्तावेज
दस्तावेजक विवरण
| आधिकारिक शीर्षक | न्यायिक आवेदन आयोग विधेयक, 2013 |
| स्रोत निकाय | भारतक संसद-विधेयक (लोकसभा आ राज्यसभा) |
| संदर्भ संख्या | LXI |
| स्थिति | बन्द भऽ गेल। (बिल) |
| वर्ष। | 2013 |
| बन्द करबाक तिथि | — |
| दस्तावेजसभ | 1 |